सुन्नी अवधारणाओं का सारांश व्यापक सुरक्षा जब सुरक्षा और उसके निहितार्थों का उल्लेख आज बहुत से लोग करते हैं वे केवल जीवन, धन और सम्मान की सुरक्षा समझते हैं हालाँकि लॉन्च होने पर व्यापक सुरक्षा की अवधारणा बात सिर्फ इन्हीं मामलों तक सीमित नहीं है बल्कि यह इन सभी आवश्यकताओं से भी अधिक महत्वपूर्ण है धर्मों में सुरक्षा एवं उन्हें विचलन एवं भ्रान्तियों से बचाना धर्म से ऊपर सुरक्षा पहले स्थान पर है साथ ही जो भी सुरक्षा की बात करता है वह अपनी चर्चा को इस सांसारिक जीवन में सुरक्षा तक ही सीमित रखता है उनकी समझ और हदीस से कब्रों को प्रलोभन और पीड़ा से सुरक्षा नहीं मिलती न ही पूर्ण एवं शाश्वत सुरक्षा के लिए यह पुनरुत्थान के दिन उसके भय से सुरक्षा है और उस आनंद के बगीचों में प्रवेश कर रहा हूँ जिसके बारे में सर्वशक्तिमान ईश्वर ने कहा था इसे शांति से दर्ज करें, आमीन