WEBVTT

00:00:00.180 --> 00:00:08.769
सुन्नी अवधारणाओं का सारांश

00:00:08.769 --> 00:00:12.769
पश्चिम द्वारा इस्लाम की भूमि में लोकतंत्र को बढ़ावा देना

00:00:12.769 --> 00:00:18.309
पश्चिम मुस्लिम देशों में लोकतंत्र को बढ़ावा देने में सक्षम था

00:00:18.309 --> 00:00:24.309
मुक्ति, अत्याचार के प्रतिरोध और मानवाधिकारों के बहाने

00:00:24.309 --> 00:00:31.309
इन तमाम दावों के पर्दे के पीछे मुस्लिम देशों में लोकतंत्र का प्रसार हुआ

00:00:31.309 --> 00:00:34.310
लोगों को संप्रभुता सौंपने में उन्होंने पश्चिम की नकल की

00:00:34.310 --> 00:00:39.310
जैसा कि लोकतंत्र का सिद्धांत है, जिसे ईशनिंदा माना जाता है

00:00:39.310 --> 00:00:42.310
शरिया को संप्रभुता देने के बजाय

00:00:42.310 --> 00:00:46.310
जैसा कि इस्लाम में होता है

00:00:46.310 --> 00:00:50.890
सुन्नी अवधारणाओं का सारांश
