उद्धरण
प्रकाशमय उद्धरण
वास्तव में, हमने अपने दूतों को स्पष्ट प्रमाणों के साथ भेजा है, और हमने उनके साथ किताब और तराजू उतारी है, ताकि लोग न्याय कर सकें, और हमने लोहा उतारा है, जिसमें लोगों के लिए बड़ी शक्ति और लाभ हैं, और ताकि ईश्वर जान सके कि परोक्ष में उसका और उसके दूतों का समर्थन कौन करेगा। वास्तव में, ईश्वर शक्तिशाली, शक्तिशाली है।
لقد أرسلنا رسلنا بالبينات وأنزلنا معهم الكتاب والميزان ليقوم الناس بالقسط وأنزلنا الحديد فيه بأس شديد ومنافع للناس وليعلم الله من ينصره ورسله بالغيب إن الله قوي عزيز
हे तुम जो ईमान लाए हो, ईश्वर से डरो और उसके रसूल पर ईमान लाओ। वह तुम्हें अपनी दयालुता के दो पैमाने देगा और तुम्हें एक रोशनी देगा जिसके द्वारा तुम चलोगे, और वह तुम्हें माफ कर देगा। और ईश्वर क्षमाशील और दयालु है
يَا أَيُّهَا الَّذِينَ آمَنُوا اتَّقوا اللَّهَ وَآمِنُوا بِرَسُولِهِ يُؤْتِكُمْ كِفْلَيْنِ مِنْ رَحْمَتِهِ وَيَجْعَلْ لَكُمْ نُورًا تَمْشُونَ بِهِ وَيَغْفِرْ لَكُمْ وَاللَّهُ غَفُورٌ رَحِيمٌ
क्या आपको अपनी पाँचों उंगलियाँ याद हैं? मैंने हां कहा, और उन्होंने कहा, इस पर भरोसा करो, गवाही दो कि ईश्वर के अलावा कोई ईश्वर नहीं है और मुहम्मद उनके सेवक और दूत हैं, प्रार्थना करना और जकात देना, यदि आपके पास पैसा है, रमजान का उपवास करना, और सदन में हज करना, यदि आपको कोई रास्ता मिल जाए।
أتحفظ أصابعك الخمس؟ قلت نعم فقال عد عليها تشهد أن لا إله إلا الله وأن محمدا عبده ورسوله وتقيم الصلاة وتؤتي الزكاة إن كان لك مال وتصوم رمضان وتحج البيت إن استطعت إليه سبيلا
ऐ मुसलमानों की कौम, अपने मार्गदर्शन में मतभेद न करो और अपनी निश्चितता को कमज़ोर मत करो। जान लें कि ईश्वर की ओर से मदद इरादे के अनुपात में आती है, इनाम कठिनाई के अनुपात में होता है, और एक मुसलमान को तब तक किसी भी चीज़ की परवाह नहीं करनी चाहिए जब तक वह अपने भगवान की मदद की प्रतीक्षा करता है।
يا معشر المسلمين لا يختلفن هديكم ولا يضعفن يقينكم وعلموا أن المعونة من الله تأتي على قدر النية وأن الأجر يكون على قدر المشقة وأن المسلم لا ينبغي أن يبالي بشي مادام ينتظر معونة ربه
परमेश्वर के सेवकों में से एक ऐसा है, जो यदि परमेश्वर से शपथ खाए, तो उसे पूरा करेगा
إن من عباد الله من لو أقسم على الله لأبره
स्वर्ग, हे दुःख, स्वर्ग, दृष्टि के भगवान द्वारा, मैं किसी के बिना इसकी गंध महसूस करता हूँ
الجنة يا سعد الجنة ورب النظر إني أجد ريحها من دون أحد
जो कुछ आकाशों और धरती में है, परमेश्वर की स्तुति करो वह शक्तिशाली, बुद्धिमान है
سبح لله ما في السماوات والأرض
وهو العزيز الحكيم
आकाशों और धरती की प्रभुता उसी की है वह जीवन और मृत्यु देता है वह हर चीज़ पर शक्तिशाली है
له ملك السماوات والأرض
يحيي ويميت
وهو على كل شيء قدير
आकाशों और धरती की प्रभुता उसी की है और चीजें भगवान के पास लौट आती हैं
له ملك السماوات والأرض
وإلى الله ترجع الأمور
वह रात को दिन में बदल देता है दिन रात में बदल जाता है और वह आत्माओं का सर्वज्ञ है
يولج الليل في النهار
ويولج النهار في الليل
وهو عليم بذات الصدور
वह कौन है जो परमेश्वर को अच्छा ऋण देता है? यह उसके लिए दोगुना कर दिया जाएगा और उसे भरपूर इनाम मिलेगा
من ذا الذي يقرض الله قرضاً حسناً
فيضاعفه له وله أجرٌ كريم
जिस दिन आप ईमान वाले पुरुषों और ईमान वाली महिलाओं को अपनी रोशनी की तलाश करते हुए देखेंगे उनके हाथों में और उनकी शपथों के साथ आज तुम्हारी ख़ुशख़बरी ऐसे बाग़ हैं जिनके नीचे नदियाँ बहती हैं वे उसमें सदैव निवास करेंगे यह बहुत बड़ी जीत है
يوم ترى المؤمنين والمؤمنات يسعى نورهم
بين أيديهم وبأيمانهم
بشراكم اليوم جنات تجري من تحتها الأنهار
خالدين فيها
ذلك هو الفوز العظيم
वह मुझसे उम्र में बड़े हैं, लेकिन मैं उनसे दो साल बड़ी हूं
هو أكبر مني ولكن سني تزيد على سنه سنتين
हे ख़ज़राज के लोगों, मुहम्मद हम में से एक हैं, जैसा कि आपने सीखा है, और हमने उन्हें अपने लोगों से रोका है जो उनके बारे में हमारे दृष्टिकोण के समान हैं, इसलिए वह अपने लोगों के साथ सम्मान में हैं और अपने देश में सुरक्षा में हैं, और उन्होंने आपका साथ देने और आपसे जुड़ने के अलावा इनकार कर दिया है। यदि आप देखते हैं कि आपने उसे जो करने के लिए बुलाया है, उसमें आप उसके प्रति वफादार हैं, तो आप हैं और आपने जो सहन किया है, और यदि आप देखते हैं कि आपने उसे आत्मसमर्पण कर दिया है और आपके पास आने के बाद उसे छोड़ दिया है, तो अब से, उसे बुलाएं, क्योंकि वह अपने लोगों और अपने देश से गर्व और सुरक्षा में है।
يا معشر الخزرج إن محمدا منا حيث قد علمتم وقد منعناه من قومنا ممن هو على مثل رأينا فيه فهو في عز من قومه ومنعة في بلده وإنه قد أبى إلا أن ينحاز إليكم ويلحق بكم فإن كنتم ترون أنكم وافون له بما دعوتموه إليه فأنتم وما تحملتم وإن كنتم ترون أنكم مسلموه وخاذلوه بعد الخروج إليكم فمن الآن فدعوه فإنه في عز ومنعة من قومه وبلده
जो कोई अबुल बख्तरी बिन हिशाम से मिले उसे न मारें और जो कोई अब्बास बिन अब्दुल मुत्तलिब से मिले उसे न मारें, क्योंकि वे दबाव में आए हैं।
من لقيا أبل بختري بن هشام فلا يقتله ومن لقيا العباس بن عبد المطلب فلا يقتله فإنهما قد خرجا مكرهين
भगवान की कसम, मेरा बेटा, जब वह मुझ पर कूदा, तो वह मेरी नजरों में एक हाथी से भी बड़ा था, और जब उसने अपनी छोटी, नसों वाली हथेली से मेरी बांह पकड़ी, तो मुझे लगा कि मेरे नाखूनों से खून टपकने वाला है। फिर उसने मेरा हाथ मरोड़कर मेरी पीठ के पीछे रख दिया, फिर उसने दूसरा हाथ लिया, उसे उसकी बहन से जोड़ दिया, और उन्हें रस्सी से बांध दिया, जबकि मैं सुरक्षित स्थिति में था, न तो खुद को इससे रोक रहा था और न ही इसका विरोध कर रहा था।
والله يا بني إنه حين وثب علي كان في عيني أعظم من الفيل ولما قبض على ذراعي بكفه الصغيرة المعروقة ظننت أن الدم يوشك أن يقطر من أظفاري ثم إنه لوى يدي فجعلها خلف ظهري ثم أخذ الأخرى فضمها إلى أختها وشدهما بحبل وأنا مستخزن لا أمنع نفسي منه ولا أقاومه
वह पैसा कहां है जो आपने अपनी पत्नी उम्म अल-फदल के पास रखा था, और आपने उससे कहा था, "अगर मैं सफल होता हूं, तो इसका श्रेय मेरे पास है, और अब्दुल्ला के पास ऐसा है, और उबैदुल्ला के पास ऐसा है।"
أين المال الذي وضعته عند زوجتك أم الفضل وقلت لها إن أصبت فلي الفضل كذا ولي عبد الله كذا ولي عبيد الله كذا
चाचा, मेरा आपके पास प्रवास अंतिम प्रवास है, जैसे मेरी भविष्यवाणी अंतिम भविष्यवाणी है
هجرتك يا عم آخر هجرة كما أن نبوتي آخر نبوة
कल भगवान जिससे चाहेगा, उससे पानी भर लेंगे
لأستسقينا غدا بمن يسقينا الله به إذا شاء
मैं सितारों की स्थिति की कसम नहीं खाता
فلا أقسم بمواقع النجوم
और यह एक महान शपथ है, यदि आप जानते
وإنه لقسم لو تعلمون عظيم
في كتاب مكنون
केवल शुद्ध किये गये लोग ही इसे छू सकते हैं
لا يمسه إلا المطهرون
تنزيل من رب العالمين
क्या इसी हदीस की वजह से आपका अभिषेक हुआ है?
أفبهذا الحديث أنتم مدهنون
और तुम झूठ बोलकर अपनी जीविका चलाते हो
وتجعلون رزقكم أنكم تكذبون
जब तक आप गले तक नहीं पहुंच जाते
فلولا إذا بلغت الحلقوم
وأنتم حينئذ تنظرون
हम तुमसे ज्यादा उसके करीब हैं, लेकिन तुम देखते नहीं
ونحن أقرب إليه منكم ولكن لا تبصرون
जब तक आप कर्जदार न हों
فلولا إن كنتم غير مدينين
हर देश का एक ट्रस्टी होता है और इस देश का ट्रस्टी अबू उबैदा बिन अल-जर्राह है
لكل أمة أمين وأمين هذه الأمة أبو عبيدة بن الجراح
और मैं तुम्हें दस शब्दों में सलाह देता हूं: किसी स्त्री, एक जवान लड़के, या एक बूढ़े आदमी को मत मारो, एक फलदार पेड़ मत काटो, एक बसे हुए घर को नष्ट मत करो, एक जवान औरत या ऊंट को उसके भोजन के अलावा नष्ट मत करो, ताड़ के पेड़ों को मत जलाओ, उन्हें मत काटो, उन्हें मत बांधो, और कायर मत बनो।
وإني موصيك بكلمات عشر لا تقتلاً نمرأة ولا صبياً صغيرا ولا شيخاً كبيرا ولا تقطعن شجراً مثمرا ولا تخربن بيتاً عامرا ولا تعقر النشاة ولا بعيرا إلا لمأكله ولا تحرقن نخلا ولا تعذقنه ولا تغلل ولا تجبن
हे मेरे बेटे, इस जगह पर कोई भी मुस्लिम व्यक्ति ऐसा नहीं है जिसे मौत का खतरा न हो, तो आपके और आपके जैसे उन लोगों के बारे में क्या जिन्होंने मुसलमानों के मामलों की जिम्मेदारी संभाली है? इसलिए ईश्वर से डरो, मेरे बेटे, और अपना सम्मान करो, और तुम्हारे साथियों में से कोई भी तुमसे अधिक इनाम और धैर्य का इच्छुक न हो, और मैं इस्लाम के दुश्मन के खिलाफ तुमसे अधिक साहसी नहीं होऊंगा।
يا بني عليك فإنه ليس رجل في هذا المكان من المسلمين إلا محفوفا بالقتل فكيف بك وبأشباهك ممن ولوا أمور المسلمين فاتق الله يا بني وأكرم نفسك ولا يكونن أحد من أصحابك بأرغب منك في الأجر والصبر في الحرب ولا أجرأ على عدو الإسلام منك
ईश्वर ने ईमानवालों से उनकी आत्माएं और उनका धन खरीद लिया है कि उन्हें स्वर्ग मिलेगा
إن الله اشترى من المؤمنين أنفسهم وأموالهم بأن لهم الجنة
और पिछले वाले वो करीब आनंद के बगीचों में पहले वाले का एक समूह और कुछ अन्य
والسابقون السابقون
أولئك المقربون
في جنات النعيم
ثلة من الأولين
وقليل من الآخرين
उनके ऊपर दो अमर पुत्र विचरते हैं कप, जग और शराब के गिलास के साथ उनमें दरार या खून नहीं बहता
يطوف عليهم ولدان مخلدون
بأكواب وأباريق وكأس من معين
لا يصدعون عنها ولا ينزفون
और जो कुछ वे चुनते हैं उसका फल और जिस किसी पक्षी का मांस वे चाहें
وفاكهة مما يتخيرون
ولحم طير مما يشتهون
हमने तुम्हें बनाया, तो तुम ईमान क्यों नहीं लाते?
نحن خلقناكم فلولا تصدقون
क्या आप इसे बनाते हैं या हम रचयिता हैं?
أأنتم تخلقونه أم نحن الخالقون
क्या तुमने देखा है कि तुम क्या जोतते हो? क्या आप इसे उगाते हैं या हम उगाते हैं? यदि हम चाहते तो उसे मलबा बना देते और तुम उसे अलग करते रहते
أفرأيتم ما تحرثون
أأنتم تزرعونه أم نحن الزارعون
لو نشاء لجعلناه حطاما فظلتم تفكهون
क्या तुमने वह पानी देखा है जो तुम पीते हो? क्या तुम ही इसे पहाड़ से नीचे लाए थे या हमने ही इसे नीचे भेजा था? यदि हम चाहें तो इसे कड़वा बना सकते हैं, तो आप कृतज्ञ क्यों न होंगे?
أفرأيتم الماء الذي تشربون
أأنتم أنزلتموه من المزن أم نحن المنزلون
لو نشاء جعلناه أجاجا فلولا تشكرون
क्या तुमने वह आग देखी है जो तुम देखते हो? क्या आपने इसका वृक्ष बनाया या हम ही इसके रचयिता थे? हमने इसे मजबूत लोगों के लिए एक अनुस्मारक और आनंददायक बना दिया इसलिये अपने महान प्रभु के नाम की महिमा करो
أفرأيتم النار التي تورون
أأنتم أنشأتم شجرتها أم نحن المنشئون
نحن جعلناها تذكرة ومتاعا للمقوين
فسبح باسم ربك العظيم
अपने स्थान पर लौट जाओ, भगवान तुम्हें आशीर्वाद दे, एक ऐसी भूमि जहां न तो तुम हो और न ही तुम्हारे जैसे लोग
ارجع إلى مكانك قبح الله أرضا ليس فيها أنت ولا أمثالك
उबादा बिन अल-समित पर आपका कोई आदेश नहीं है, लेकिन वह स्वयं का कमांडर है
لا إمرة لك على عبادة بن الصامت وإنما هو أمير نفسه
भगवान के द्वारा, हम केवल सर्वशक्तिमान ईश्वर की प्रसन्नता की तलाश में निकले थे, और हमारे पैगंबर, भगवान उन्हें आशीर्वाद दें और उन्हें शांति प्रदान करें, हमारे साथ अनुबंध किया गया था कि हममें से किसी को भी इस दुनिया से कुछ भी नहीं मांगना चाहिए, सिवाय इसके कि जो उसकी भूख को संतुष्ट करता है और उसकी शर्म को छुपाता है, क्योंकि इस दुनिया का आनंद आनंद नहीं है, बल्कि आनंद उसके बाद का आनंद है।
إنا والله ما خرجنا إلا ابتغاء مرضات الله عز وجل وقد عهد إلينا نبينا صلى الله عليه وسلم ألا تكون بغية أحدنا من الدنيا إلا ما يسد جوعته ويستر عورته لأن نعيم الدنيا ليس بنعيم وإنما النعيم نعيم الآخرة
रोमनों की बड़ी संख्या के कारण हमारा उनसे डर हमें अपने लक्ष्य से नहीं रोकता है, और हमें यकीन है कि हम दो अच्छे कामों में से एक को जीतेंगे। यदि हम तुम पर विजय प्राप्त कर लें, तो इस संसार की लूट हमारे लिए बहुत बड़ी होगी, और यदि तुम हमें हरा दो, तो परलोक की लूट हमारे लिए बहुत बड़ी होगी। और यह जान लो कि हममें से एक भी आदमी ऐसा नहीं है जो हर प्रार्थना के बाद ईश्वर से यह प्रार्थना न करता हो कि उसे शहादत दे और उसे उसके परिवार के पास निराश न लौटाए, और हममें से प्रत्येक ने अपने परिवार और बच्चों को ईश्वर को सौंप दिया है।
إنما تخوفنا به من كثرة الروم لا يصدنا عن غايتنا وإننا موقنون بأننا سنفوز بإحدى الحسنيين فإن ظفرنا بكم عظمت لنا غنيمة الدنيا وإن ظفرتم بنا عظمت لنا غنيمة الآخرة واعلم أنه ليس فينا رجل واحد إلا وهو يدعو الله بعد كل صلاة أن يرزقه الشهادة وأن لا يرده إلى أهله خائبا وقد استودع كل واحد مننا أهله وولده عند الله
मैं खुद को सर्वशक्तिमान ईश्वर को सौंपता हूं
إني أهب نفسي لله عز وجل
भगवान पृथ्वी को आशीर्वाद दें इसमें उबदाह इब्न अल-समित और उनके जैसे अन्य लोग शामिल नहीं हैं
قبح الله أرضا
ليس فيها عبادة بن الصامت وأمثاله
हाँ, वह आदमी अब्दुल्ला है, भले ही वह रात में प्रार्थना करता हो
نعم الرجل عبد الله لو كان يصلي بالليل
हममें से कोई ऐसा नहीं है जिसने दुनिया को समझा हो सिवाय इसके कि उसका झुकाव उसकी ओर हो गया और उसका झुकाव उसकी ओर हो गया सिवाय अब्दुल्ला बिन उमर के
ما منا من أحد أدرك الدنيا إلا ومالت به ومال بها غير عبد الله بن عمر
मैं दो लोगों के बीच प्रार्थना नहीं करता, न ही मैं दो लोगों की मां बनता हूं
لا أقضي بين اثنين ولا أأم اثنين
जो कोई ईश्वर की शरण चाहता है उसने ईश्वर की शरण मांग ली है
من عاذ بالله فقد عاذ بمعاذ
भगवान की कसम, मुझे यह पसंद नहीं है कि खिलाफत सत्तर साल तक चली क्योंकि मेरी वजह से एक मुस्लिम आदमी मारा गया था
والله ما أحب أن الخلافة دانت لي سبعين سنة لأنه قتل بسببي رجل واحد من المسلمين
बहुत सारा ज्ञान है, लेकिन अगर आप हल्के दिल से, मुसलमानों के खून से, पेट में पर्याप्त मात्रा में पैसा रखते हुए, उनके सम्मान के बारे में ज़बान से भगवान से मिलने में सक्षम हैं, तो ऐसा करें।
إن العلم كثير ولكن إن استطعت أن تلقى الله خفيف الظهر من دماء المسلمين خميص البطن من أموالهم كافا لسان عن أعراضهم لازما ففعل
हमें किसने धोखा दिया? भगवान ने हमें धोखा दिया
من خدعنا
الله خدعنا له
मुझे किसी बात का अफसोस नहीं है तीन को छोड़कर दुनिया का धिक्कार है गर्म लोगों को और रात को कष्ट सहना और मैंने लड़ाई नहीं की देशद्रोह के लोग
ما آسى على شيء
من الدنيا إلا على ثلاث
ضمئ الهواجر
ومكابدة الليل
وأني لم أقاتل
أهل الفتنة
तो हमने पानी बरसाकर स्वर्ग के द्वार खोल दिये
ففتحنا أبواب السماء بماء منهمر
हमने इसे उन्हीं तख्तों और पहियों पर ढोया
وحملناه على ذات ألواح ودسر
तो कैसी रही मेरी यातना और प्रतिज्ञा?
فكيف كان عذابي ونذر
كذبت عاد فكيف كان عذابي ونذر